चंडीगढ़ में बंदी सिंहों और अमृतपाल की रिहाई को लेकर प्रदर्शन हिंसक, 15 पुलिसकर्मी घायल; वाटर कैनन चालक का हाथ टूटा
चंडीगढ़
‘वारिस पंजाब दे’ संगठन के प्रमुख अमृतपाल सिंह तथा देश की विभिन्न जेलों में बंद बंदी सिंहों की रिहाई की मांग को लेकर मुख्यमंत्री भगवंत मान से मिलने निकले प्रदर्शनकारियों का प्रदर्शन
उग्र हो गया। पुलिस के अनुसार, प्रदर्शन के दौरान हुई झड़पों में 15 से अधिक पुलिसकर्मी घायल हुए, जबकि सुरक्षा व्यवस्था में तैनात एक वाटर कैनन चालक के साथ कथित तौर पर मारपीट की गई, जिससे उसका हाथ टूट गया।
पुलिस के मुताबिक, सेक्टर-45/46 चौक पर तैनात वाटर कैनन को प्रदर्शनकारियों ने घेर लिया। इस दौरान चालक के साथ मारपीट की गई और उसे गंभीर चोटें आईं। घायल चालक का इलाज करवाया गया।
एसएसपी कंवरदीप कौर ने बताया कि शहर में लागू भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस ) की धारा 163 के आदेशों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है। देर रात बीएनएसएस की धारा 173(1) के तहत संज्ञेय अपराधों के आधार पर मामला दर्ज किया गया। उन्होंने कहा कि प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने अधिकतम संयम बरता ताकि किसी प्रकार की जनहानि न हो।
एसएसपी के अनुसार, प्रदर्शन के दौरान 15 से अधिक पुलिसकर्मियों को चोटें आईं, जिनका मेडिकल परीक्षण कराया गया है। पुलिस का यह भी दावा है कि कुछ प्रदर्शनकारी हथियार लेकर पहुंचे थे, जिसकी जांच की जा रही है।
घटना के बाद चंडीगढ़ पुलिस ने कुछ संदिग्ध प्रदर्शनकारियों की तस्वीरें जारी की हैं। पुलिस का कहना है कि इन व्यक्तियों की पहचान कर उनकी तलाश की जा रही है। सीसीटीवी फुटेज, वीडियो रिकॉर्डिंग और अन्य डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर आरोपितों की पहचान की जा रही है। पुलिस ने आम लोगों से भी अपील की है कि यदि जारी तस्वीरों में दिख रहे व्यक्तियों के बारे में कोई जानकारी हो तो तत्काल पुलिस को सूचित करें।
