हरियाणा में 996 अटल लाइब्रेरी शुरू, दूसरे चरण में 1107 और बनेंगी जल्द
सिरसा
हरियाणा सरकार ग्रामीण क्षेत्रों में शिक्षा, पठन-पाठन और डिजिटल ज्ञान संसाधनों को मजबूत करने के उद्देश्य से अटल लाइब्रेरी परियोजना का तेजी से विस्तार कर रही है। प्रथम चरण के तहत प्रदेश के 22 जिलों में 996 अटल लाइब्रेरी स्थापित की जा चुकी हैं।
इनमें 983 पुस्तकालयों तक पुस्तकों की आपूर्ति पूरी हो गई है, जबकि सभी लाइब्रेरी में फर्नीचर उपलब्ध करा दिया गया है। परियोजना का उद्देश्य विद्यार्थियों, प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे युवाओं और ग्रामीण नागरिकों को गांव स्तर पर गुणवत्तापूर्ण अध्ययन सामग्री व बेहतर अध्ययन वातावरण उपलब्ध कराना है।
विभागीय रिपोर्ट के अनुसार प्रदेश की 6,227 ग्राम पंचायतों के मुकाबले प्रथम चरण में 996 अटल लाइब्रेरी स्थापित करने का लक्ष्य रखा गया था। अटल लाइब्रेरी स्थापित करने में करनाल जिला 121 पुस्तकालयों के साथ प्रदेश में पहले स्थान पर है, जबकि सिरसा 97 लाइब्रेरी के साथ दूसरे स्थान पर है।
इसके अलावा रेवाड़ी में 76, जींद में 73, चरखी दादरी में 67, हिसार में 64 और फतेहाबाद में 62 लाइब्रेरी स्थापित की गई हैं। वहीं पंचकूला, फरीदाबाद, झज्जर, नूंह और यमुनानगर जैसे जिलों में यह संख्या अपेक्षाकृत कम है।
सिरसा के सभी 97 पुस्तकालयों में पुस्तकें व फर्नीचर उपलब्ध
जिले में 339 ग्राम पंचायतों के लिए प्रथम चरण में 97 अटल लाइब्रेरी स्थापित की गई हैं। विभागीय रिपोर्ट के अनुसार सभी पुस्तकालयों में पुस्तकें और फर्नीचर उपलब्ध हैं तथा उनका नियमित संचालन भी किया जा रहा है। इन लाइब्रेरी के माध्यम से ग्रामीण युवाओं को गांव में ही प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए शांत वातावरण और अध्ययन सामग्री मिल रही है।
दूसरे चरण में 1107 लाइब्रेरी की होगी स्थापना
इस बीच पंचायती राज विभाग ने दूसरे चरण की तैयारियां भी शुरू कर दी हैं। प्रदेशभर में 1,107 नई अटल लाइब्रेरी स्थापित करने के लिए 86.67 करोड़ रुपये के बजट का प्रस्ताव सरकार को भेजा गया है। मुख्यालय ने जिलों से नए प्रस्ताव भी मांग लिए हैं। मंजूरी मिलने पर उन गांवों को प्राथमिकता मिलेगी, जहां अभी तक अटल लाइब्रेरी नहीं बन सकी है।
प्रथम चरण में जिले के 97 गांवों में अटल लाइब्रेरी का निर्माण पूरा हो चुका है और उनका सफल संचालन किया जा रहा है। दूसरे चरण के लिए भी मुख्यालय को प्रस्ताव भेज दिए गए हैं। -गौरव भारद्वाज, एक्सईएन, पंचायती राज विभाग, सिरसा
